व्हाट्सएप वीडियो कॉल पर युवती का प्राइवेट वीडियो बनाकर किया वायरल, आरोपी दिल्ली से गिरफ्तार

मैट्रोमोनी साइट पर हुई पहचान,वीडियो वायरल कर सोशल मीडिया पर की बदनाम करने की कोशिश

जशपुर/कुनकुरी 22 अप्रैल 2025
जशपुर जिले की साइबर सेल और कुनकुरी पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक युवती की अश्लील वीडियो बनाकर वायरल करने वाले आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान रोहित प्रसाद (27 वर्ष), निवासी सबरी मठ, थाना जलालपुर, जिला सारण, बिहार के रूप में हुई है।

यह पूरा मामला कुनकुरी थाना क्षेत्र का है, जहाँ एक युवती ने 17 जनवरी 2025 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़िता ने बताया कि साल 2023 में उसने शादी डॉट कॉम वेबसाइट पर अपना बायोडाटा अपलोड किया था। वहीं से आरोपी रोहित प्रसाद से उसकी पहचान हुई। दोनों के बीच मैसेज और मोबाइल पर बातचीत होने लगी। 21 दिसंबर 2023 को आरोपी ने व्हाट्सएप वीडियो कॉल कर युवती से निजी अंगों का प्रदर्शन करने को कहा, और विश्वास में आई युवती ने ऐसा कर भी दिया। आरोपी ने इसका वीडियो रिकॉर्ड कर लिया।

कुछ समय बाद जब युवती को अपनी गलती का अहसास हुआ, तो उसने आरोपी से बातचीत बंद कर दी। इसी के बाद रोहित प्रसाद ने वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए कुनकुरी पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 509(ख) भादवि और आईटी एक्ट की धारा 67(ए) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।

साइबर सेल की निगरानी से हुई गिरफ्तारी

पुलिस ने आरोपी के मोबाइल नंबर को साइबर सेल की निगरानी में रखा। लगातार ट्रैकिंग के बाद आरोपी की लोकेशन सागरपुर, दिल्ली में पाई गई। इसके बाद एक विशेष पुलिस टीम दिल्ली रवाना हुई और वहां से आरोपी को हिरासत में लेकर वापस जशपुर लाई गई।

पुलिस ने आरोपी के पास से मोबाइल फोन जब्त कर लिया है, जिसमें वीडियो रिकॉर्डिंग सहित अन्य सबूत पाए गए। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक का बयान

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने इस मामले को लेकर कहा कि,

“जशपुर पुलिस महिला संबंधी अपराधों को लेकर पूरी तरह संवेदनशील है। आरोपी चाहे कहीं भी हो, उसे कानून के दायरे में लाया जाएगा। सोशल मीडिया पर इस प्रकार की घटनाओं को अंजाम देने वाले अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।”

इस मामले में थाना प्रभारी राकेश यादव, सहायक उप निरीक्षक ईश्वर वारले, आरक्षक चंद्रशेखर बंजारे और नंदलाल यादव सहित साइबर सेल की टीम की भूमिका उल्लेखनीय रही।