रायपुर/नारायणपुर,05 सितंबर2024/ छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुए मुठभेड़ में अब तक 31 नक्सलियों के शव बरामद किए गए हैं। नारायणपुर और दंतेवाड़ा के सीमावर्ती क्षेत्र थुलथुली/नेदुर में हुई इस मुठभेड़ में डीआरजी और एसटीएफ की संयुक्त कार्रवाई में बड़ी संख्या में हथियार बरामद किए गए हैं। सर्च अभियान अभी भी जारी है, और सुरक्षा बलों को और भी नक्सलियों के मारे जाने की आशंका है।
यह मुठभेड़ तब शुरू हुई जब इंटेलिजेंस को अबूझमाड़ के जंगलों में नक्सली कमांडर कमलेश की मौजूदगी की जानकारी मिली। करीब 250 जवानों की टीम ने ऑपरेशन को अंजाम दिया और लगभग 70 नक्सलियों के साथ सीधी मुठभेड़ हुई। जवानों ने सटीक रणनीति के साथ नक्सलियों को चारों ओर से घेर लिया, जिससे बड़ी सफलता हाथ लगी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का बयान
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस ऑपरेशन को सरकार की नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई में एक और बड़ी जीत करार दिया। उन्होंने कहा, “पिछले 9 महीनों में नक्सलियों के खिलाफ मिली यह सबसे बड़ी सफलता है। हमारी डबल इंजन सरकार नक्सलवाद के खात्मे के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस दौरान सुरक्षाबलों ने कई महत्वपूर्ण ऑपरेशन अंजाम दिए, जिसमें सैकड़ों नक्सली या तो मारे गए हैं या गिरफ्तार किए गए हैं। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में अब शांति और विकास की राह पर कदम बढ़ाए जा रहे हैं।”
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने नारायणपुर एनकाउंटर पर कहा, “जवानों के साहस और अदम्य हौसले को मैं नमन करता हूं। नक्सलवाद के खात्मे के लिए शुरू हुई हमारी लड़ाई अब अपने अंजाम तक पहुंचकर ही दम लेगी। हम छत्तीसगढ़ को नक्सल मुक्त बनाने के लिए पूरी शक्ति और संसाधन लगा रहे हैं।”
इस मुठभेड़ से पहले भी सरकार ने विभिन्न ऑपरेशनों के माध्यम से नक्सलियों के खिलाफ कई अहम जीत दर्ज की है। पिछले 9 महीनों में दंतेवाड़ा, बीजापुर, सुकमा और नारायणपुर के इलाकों में लगातार ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं, जिससे नक्सलियों के प्रभाव क्षेत्र को कमजोर किया गया है।





















