भ्रष्टाचार की शर्त पर विकास! कुनकुरी जनपद पंचायत की खारिझरिया पंचायत में सीसी रोड निर्माण पर उठे सवाल

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कुनकुरी (जशपुर) 02 जून 2025 – =कुनकुरी विकासखंड के खारिझरिया पंचायत में सीसी रोड निर्माण को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। स्थानीय लोगों ने सड़क निर्माण में भारी अनियमितता और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए इसे सरकारी धन का दुरुपयोग बताया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार खारिझरिया ग्राम पंचायत में बन रही सीसी रोड का ठेका एक ऐसे व्यक्ति को दिया गया है, जो खुद को मुख्यमंत्री के करीबी बताकर पंचायती ठेकों में सक्रिय है। बताया जा रहा है कि उक्त ठेकेदार भाजपा से अधिक मुख्यमंत्री की ‘परिक्रमा’ करके ठेके हासिल करता है।निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर भी ग्रामीण जांच की मांग कर रहे हैं। सरपंच पर निजी जमीन पर सड़क बनवाने का आरोप ग्राम पंचायत के पूर्व सरपंच दया किशोर एक्का ने आरोप लगाया है कि यह सीसी रोड सरपंच की निजी जमीन पर बनवाई जा रही है, जहां पहले कभी कोई सरकारी रास्ता नहीं था। उन्होंने कहा, “न तो यह स्पष्ट किया गया कि यह सड़क किस योजना के तहत बन रही है, न इसकी लागत बताई गई।। यह सरासर सरकारी पैसे का दुरुपयोग है।” दया किशोर एक्का और अन्य ग्रामीणों ने यह शिकायत ‘सुशासन तिहार’ के दौरान प्रशासन से करते हुए निर्माण कार्य को तत्काल रोकने और उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं में नाराजगी वहीं भाजपा के स्थानीय कार्यकर्ताओं में भी भारी नाराजगी देखी जा रही है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे पार्टी के लिए दिन-रात मेहनत कर वोट जुटाते हैं, लेकिन विकास कार्यों में उन्हें दरकिनार कर चाटुकारों को ठेके दे दिए जाते हैं। एक कार्यकर्ता ने कहा, “पंचायत के भीतर का कार्य पंचायत के कर्मठ कार्यकर्ताओं को दिया जाना चाहिए, न कि बिना जनाधार वाले लोगों को।” सरपंच ने आरोपों को नकारा, कहा – पुराना रास्ता था मौजूदा सरपंच सरिता एक्का ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि सीसी रोड उनके निजी स्वार्थ में नहीं, बल्कि करमटोली बस्ती को पंचायत भवन से जोड़ने के लिए बनाई जा रही है। उन्होंने कहा, “मैंने परिवार की जमीन पंचायत को रास्ते के लिए दी है। यह पगडंडी वर्षों से थी, अब इसे पक्का किया जा रहा है। पंचायत चुनाव में हार से चिढ़कर झूठी शिकायत की जा रही है।”

ऑपरेशन अंकुश की बड़ी सफलता: एसएसपी शशि मोहन सिंह के कार्यकाल में अपराध नियंत्रण की ऐतिहासिक उपलब्धि,पढ़िए हत्या और बलात्कार के आरोपियों की हुई गिरफ्तारी

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जशपुर, 29 मई 2025 जशपुर पुलिस को ऑपरेशन अंकुश के तहत दो लंबे समय से फरार आरोपियों की गिरफ्तारी में बड़ी सफलता मिली है। हत्या और बलात्कार के संगीन मामलों में वांछित इन दोनों अपराधियों को पकड़कर पुलिस ने यह साबित कर दिया है कि अपराध कितना भी पुराना हो, कानून से बचना असंभव है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में चल रहे इस विशेष अभियान के तहत, थाना कुनकुरी क्षेत्र के 12 वर्षों से फरार एक आरोपी को मुंबई से गिरफ्तार किया गया है। यह आरोपी वर्ष 2013 में एक महिला की निर्मम हत्या और उसकी बेटी के साथ सामूहिक दुष्कर्म के मामले में वांछित था। वहीं, एक अन्य दुष्कर्म के मामले में तीन साल से फरार आरोपी मोहम्मद फैज़ अकरम को आजाद मोहल्ला कुनकुरी से गिरफ्तार किया गया है, जो पहचान छुपाकर झारखंड में रह रहा था। इन दोनों अभियानों में कुनकुरी थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश यादव सहित पूरी पुलिस टीम की सतर्कता, समर्पण और तकनीकी दक्षता ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि “ऑपरेशन अंकुश केवल एक अभियान नहीं, बल्कि अपराध मुक्त जशपुर की दिशा में एक संकल्प है। यह सफलता पुलिस विभाग की प्रतिबद्धता, तकनीकी रणनीति और मजबूत खुफिया तंत्र का परिणाम है।” उनके कार्यकाल में लगातार की जा रही त्वरित, प्रभावी और नीतिगत कार्रवाइयों ने जिले में कानून-व्यवस्था की स्थिति को मजबूत किया है। संगठित अपराधों से लेकर संवेदनशील मामलों में की गई कार्रवाइयां जशपुर को अपराधमुक्त बनाने की दिशा में ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जा रही हैं। पुलिस का यह संदेश साफ है – कोई भी अपराधी कानून से ऊपर नहीं, और जशपुर पुलिस हर हाल में न्याय दिलाने के लिए कटिबद्ध है।  

पाक बॉर्डर से लौटे वीर BSF जवान कुलवंत पन्ना की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत, ऑपरेशन सिंदूर में निभाई थी अहम भूमिका

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जशपुर/कुनकुरी। पाकिस्तान सीमा पर तैनात बीएसएफ के जांबाज़ कांस्टेबल कुलवंत पन्ना की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। 35वीं बटालियन, डाबला (जैसलमेर, राजस्थान) में ड्यूटी कर रहे कुलवंत हाल ही में “ऑपरेशन सिंदूर” में शामिल थे, जहां उन्होंने पाकिस्तान की ओर से हुए ड्रोन हमलों के दौरान बहादुरी से मोर्चा संभाला था। देश सेवा से लौटा यह वीर सपूत मंगलवार 27 मई की दोपहर लगभग डेढ़ बजे एक हादसे का शिकार हो गया। मूलतः जशपुर जिले के कुनकुरी थाना अंतर्गत गिनाबहार बरटोली निवासी 35 वर्षीय कुलवंत छुट्टी पर कल ही अपने घर आया था। मंगलवार को वह अपनी पत्नी से मिलने दुलदुला जा रहा था, तभी गिनाबहार के पास गोठान पुलिया के नजदीक उसकी स्कूटी पुलिया से टकरा गई। हादसे में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई।मृतक के भाई के मुताबिक उसे सिर में गंभीर चोट आई थी। जवान की मृत्यु की सूचना उसके भाई आसित पन्ना को मिली, जिसके बाद मौके पर कुनकुरी पुलिस पहुंची और मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसे की जानकारी मिलते ही मृतक के साथ एक ही पोस्ट पर ड्यूटी कर रहे जशपुर के दो और जवान — विशाल कुमार (आरक्षक, कांसाबेल) और विक्रांत मिंज (गोरिया) भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने पुष्टि की कि कुलवंत हाल ही में ऑपरेशन सिंदूर में सक्रिय भूमिका निभा रहा था। इस असामयिक और दर्दनाक घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। परिजनों के अनुसार, बुधवार दोपहर तक सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर ली जाएंगी और फिर बीएसएफ के इस बहादुर जवान को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी जाएगी। देश ने एक वीर सपूत खो दिया है, जिसने सीमाओं पर दुश्मन का डटकर मुकाबला किया और लौटते ही नियति का शिकार हो गया। जवान की शहादत को हमेशा याद रखा जाएगा।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सौगात: जशपुर में 18.46 करोड़ से बनेंगी 6 नई सड़कें, मधेश्वर पहाड़ तक पक्के रास्ते से पहुंचेंगे शिवभक्त

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धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, ग्रामीण आवागमन होगा सुलभ, जनता में खुशी की लहर जशपुर, 23 मई 2025 – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर जशपुर जिले को एक और बड़ी सौगात मिली है। राज्य शासन द्वारा जिले में 6 प्रमुख सड़कों के निर्माण के लिए 18 करोड़ 46 लाख 87 हजार रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इससे न केवल ग्रामीण अंचलों के लोगों को आवागमन में सुगमता मिलेगी, बल्कि विश्व के सबसे बड़े प्राकृतिक शिवलिंग माने जाने वाले मधेश्वर पहाड़ तक श्रद्धालुओं की आसान पहुंच सुनिश्चित होगी। मधेश्वर मंदिर तक पक्की सड़क – धार्मिक पर्यटन को लगेगा पंख कुनकुरी क्षेत्र के मयाली नेचर कैंप से लेकर मधेश्वर मंदिर और जोकारी से मधेश्वर पहाड़ तक पक्की सड़क का निर्माण होना है। इस पहल से न सिर्फ शिवभक्तों की आस्था की राहें आसान होंगी, बल्कि क्षेत्रीय धार्मिक पर्यटन को भी जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा। जोकारी और भंडरी पंचायत के ग्रामीणों में इस खबर से गहरी प्रसन्नता है और लोग मुख्यमंत्री की जय-जयकार कर रहे हैं। ये हैं स्वीकृत सड़कों के विवरण – 1. चटकपुर से रेंगारबहार (2.46 किमी) – ₹2.89 करोड़ 2. कुनकुरी-औरीजोर-मतलूटोली-पटेलापारा (2.54 किमी) – ₹3.01 करोड़ 3. NH-43 से मयाली डेम तक (2.28 किमी) – ₹2.85 करोड़ 4. मयाली नेचर कैंप से मधेश्वर मंदिर (2.20 किमी) – ₹2.71 करोड़ 5. रानीबंध चौक–चिडराटांगर–पंडरीआमा–उपरकछार (3.44 किमी) – ₹3.29 करोड़ 6. जोकारी से मधेश्वर पहाड़ (2.88 किमी) – ₹3.68 करोड़   “अब जशपुर में विकास की नई राह खुल रही है। श्रद्धा, सुविधा और समर्पण के संग मुख्यमंत्री की यह सौगात सिर्फ सड़क नहीं, बल्कि ग्रामीण जनजीवन को जोड़ने वाला भविष्य का पुल है।” – नरेश नंदे, वरिष्ठ अधिवक्ता व विचारक जशपुर जिला प्रशासन सक्रिय, जल्द होगा कार्य प्रारंभ कलेक्टर रोहित व्यास ने बताया कि निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ करने की तैयारी की जा रही है। मुख्यमंत्री का लक्ष्य है कि प्रत्येक गांव और धार्मिक स्थल तक पक्की और सुरक्षित सड़क पहुंचे ताकि आमजन को विकास का सीधा लाभ मिले। मुख्यमंत्री का वादा – “सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, सबको साथ लेकर चलेंगे” मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पहले ही स्पष्ट किया था कि जशपुर जिले को बुनियादी सुविधाओं में आत्मनिर्भर बनाना उनकी प्राथमिकता है। सड़क निर्माण की यह नई श्रृंखला विष्णु के सुशासन मॉडल का प्रत्यक्ष प्रमाण है।  

कुनकुरी डायलिसिस सेंटर किडनी मरीजों को दे रहा जीवन लेकिन मरीजों ने खोली पोल,कभी भी जा सकती है जान

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अब तक 955 सेशन, छत्तीसगढ़ ही नहीं, ओडिशा के मरीज भी ले रहे निःशुल्क लाभ कुनकुरी, 24 मई 2025 – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की दूरदर्शिता और प्रतिबद्धता से स्थापित कुनकुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का डायलिसिस सेंटर बीते पाँच महीनों में किडनी मरीजों के लिए किसी वरदान से कम साबित नहीं हुआ है। यह सेंटर न केवल कुनकुरी विकासखंड, बल्कि कांसाबेल, दुलदुला, फरसाबहार जैसे आसपास के इलाकों के मरीजों की जीवनरेखा बन चुका है। इतना ही नहीं, पड़ोसी राज्य ओडिशा के सीमावर्ती जिला सुंदरगढ़ से भी दर्जनों मरीज यहां आकर निःशुल्क डायलिसिस सेवा का लाभ उठा रहे हैं। अब तक 955 डायलिसिस सेशन हो चुके हैं – हर एक सेशन उन परिवारों के लिए राहत की सांस लेकर आया है, जो अब तक अंबिकापुर,रायपुर,रांची जाकर निजी अस्पतालों में महंगे इलाज का बोझ उठाने को मजबूर थे। इस प्रशंसनीय पहल के बीच एक गंभीर तकनीकी समस्या लगातार मरीजों और उनके परिजनों को चिंतित कर रही है – बिजली की अनियमित आपूर्ति। डायलिसिस और बिजली का सीधा रिश्ता – जानलेवा हो सकती है लापरवाही डायलिसिस के दौरान मरीज के शरीर से खून बाहर निकालकर मशीन में साफ किया जाता है और फिर शरीर में वापस पहुंचाया जाता है। यह पूरी प्रक्रिया अत्याधुनिक मशीनों द्वारा संचालित होती है, जो पूरी तरह बिजली पर निर्भर हैं। यदि डायलिसिस के दौरान बिजली अचानक गुल हो जाए और तुरंत बैकअप चालू न हो, तो मशीन में मौजूद खून क्लॉट होकर वापस नहीं लौट सकता। विशेषज्ञों के अनुसार, इस स्थिति में 2.5 से 3 लीटर खून शरीर से बाहर ही जम सकता है – यह सीधे मरीज के प्राणों पर संकट ला सकता है। मरीज ने जताई चिंता, प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग ख़बर जनपक्ष के संपादक संतोष चौधरी को मरीजों और परिजनों ने बताया कि डायलिसिस की गुणवत्ता बेहतर है, लेकिन बिजली कटते ही उनका दिल कांप जाता है। डंडाडीह,दुलदुला से आए मरीज ने आपबीती सुनाते हुए कहा – एक बार लाइट भाग गया तो मशीन के पाइप में मेरा खून जम गया था।फिर गर्मी भी लगती है।यह परेशानी अभी पानी-बिजली खूब किया तब से बढ़ गया है।ऐसी ही परेशानी दो और बुजुर्ग मरीजों के परिजनों ने भी बताई। डायलिसिस सेंटर से जानकारी मिली कि समस्या उच्च अधिकारियों तक पहुंचा दी गई है और समाधान जल्द किया जाएगा। समस्या नहीं, जीवन-मरण का प्रश्न है ये स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि डायलिसिस जैसे जीवन रक्षक इलाज के लिए 24 घंटे की निर्बाध बिजली आपूर्ति और प्रभावी बैकअप सिस्टम जैसे जेनरेटर अनिवार्य हैं। इसमें एक पल की लापरवाही भी जानलेवा हो सकती है। मुख्यमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट को खतरे से बचाना ज़रूरी कुनकुरी का डायलिसिस सेंटर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की  पहल का नतीजा है, जिसने सीमावर्ती अंचलों के गरीब और जरूरतमंद मरीजों को नई ज़िंदगी दी है। अब प्रशासन और तकनीकी विभागों की जिम्मेदारी है कि इस जनहित योजना की विश्वसनीयता और सतत संचालन सुनिश्चित करें, ताकि हर मरीज यहां निश्चिंत होकर जीवन पा सके – डर नहीं।  

नवनिर्मित श्री जगन्नाथ मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा एवं मूर्ति स्थापना अनुष्ठान में सपत्नीक शामिल होगें मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय, 21 से 27 मई तक अनेक धार्मिक कार्यक्रम आयोजित

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*21 मई से प्रतिदिन विशाल मीना बाजार का भी होगा आयोजन* दोकड़ा/जशपुर, 20 मई 2025 – नवमिर्मित श्री जगन्नाथ मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा एवं मूर्ती स्थापना अनुष्ठान कांसाबेल विकासखण्ड के ग्राम दोकड़ा में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय मुख्य अतिथि के रूप में 21 मई 2025 को शामिल होगें। दोकड़ा के प्राचीन श्री जगन्नाथ मंदिर का जीर्णोद्धार पश्चात् नव निर्मित मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा एवं मूर्ति स्थापना किया जा रहा है। इस दौरान 21 से 27 मई तक अनेक धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। जहॉ 21 मई से प्रतिदिन विशाल मीना बाजार का भी आयोजन होगा। आयोजित धार्मिक कार्यक्रम अनुसार 21 मई को दोपहर 2 बजे से मैनी नदी बगिया से मंदिर प्रांगण तक कलश यात्रा के साथ मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम प्रांरभ होगा,साथ संध्या बेला में जी टीवी कलर टीवी फेम वैशाली रायकवार की टीम प्रस्तुति देंगे। 22 मई को सुबह 7 बजे से सूर्य पूजन, गौ पूजन, मंदिर प्रवेश, पार्श्व विग्रह, नेत्र उनिजन तथा रात्रि 8 बजे झारखंड के मशहूर गायक नागपुरी संगीत से समां बांधेंगे। 23 मई को प्रातः 7 बजे से सूर्य पूजन, मंडल पूजन, शिखर कलश, एवं नीलचक्र स्थापना, पार्श्व विग्रह महास्नान एवं रात्रि ओडिशा के संबलपुर के टीम द्वारा बादी पाला का आयोजन किया जाएगा। 24 मई को प्रातः 7 बजे से सूर्य पूजन, मंडल पूजन,एवं रात्रि ओडिशा भुवनेश्वर के मशहूर गायक अरविंद मुदली द्वारा भजनों की प्रस्तुति दी जाएगी।, 25 मई को श्री जगन्नाथ स्वामी जी, बलभ्रद्र जी, सुभद्रा जी का मंदिर प्रवेश एवं संध्या भव्य कलश यात्रा अधिवास 26 मई को सुबह 8 बजे से अष्ट प्रहरी अखंड कीर्तन हरि नाम यज्ञ शुरू होगा,जिसमें ओडिशा,झारखंड, छत्तीसगढ़ के कीर्तन मंडली शामिल होकर प्रस्तुति देंगे। 27 मई को प्रातः 8 बजे पूर्णाहूति, दधीभंजन एवं नगर भ्रमण जिसमें ओडिशा के कीर्तन मंडली द्वारा ओड़िसा भजन की प्रस्तुति दी जाएगी। इसके पश्चात् महाप्रसाद वितरण एवं समापन होगा। श्री जगन्नाथ मंदिर समिति के आयोजकों ने सभी भक्तोजनों को अत्यंत हर्ष के साथ आमंत्रित किया गया है।

ख़बर जनपक्ष की खबर का बड़ा असर: बारांगजोर के ग्रामीणों की प्यास बुझाने पहुंचा पीएचई विभाग, SDO ने दिया आश्वासन

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कुनकुरी/जशपुर,19 मई 2025 – जनपक्ष की खबर ने एक बार फिर अपना असर दिखाया है। शहीद लेओस का गांव बारांगजोर, जहां जल जीवन मिशन की योजना फेल साबित हो रही थी, वहां अब हलचल तेज हो गई है। सुकबासु पारा और मांझीटोली की बस्तियों में पानी टंकी और पाइपलाइन तो बना दी गई थी, लेकिन नलों से पानी के बजाय केवल हवा निकल रही थी। इस गंभीर समस्या को जनपक्ष ने प्रमुखता से उठाया था, जिसके बाद पीएचई विभाग हरकत में आया। सोमवार को पीएचई के एसडीओ विनोद कुमार मिश्रा खुद बारांगजोर पहुंचे और मौके का मुआयना किया। उन्होंने ठेकेदार के मैनेजर को भी मौके पर तलब किया। पंचायत की सरपंच श्रीमती रोशन आरा ख़ेस और बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौके पर मौजूद रहे। गर्मी और पानी की किल्लत से परेशान ग्रामीणों ने अधिकारियों और ठेकेदार से तीखे सवाल पूछे – “सरकार ने लाखों रुपये खर्च किए, फिर भी पानी क्यों नहीं आया?” सरपंच रोशन आरा ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “समस्या मत बताइए, समाधान दीजिए और पानी पहुंचाइए।” उनकी इस सख्त टिप्पणी ने अधिकारियों को भी जवाब देने पर मजबूर कर दिया। एसडीओ मिश्रा ने ‘ ख़बर जनपक्ष‘ के माध्यम से ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि अगले दो हफ्तों में हर घर तक पानी पहुंचाने का काम पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदार को नोटिस जारी किया गया है। हालांकि ग्रामीणों का भरोसा अभी पूरी तरह नहीं लौटा है। उनका कहना है कि अब जबकि अधिकारी स्वयं आश्वासन दे रहे हैं, तो वे कुछ दिन इंतजार करेंगे, लेकिन यदि वादा पूरा नहीं हुआ, तो वे फिर चुप नहीं बैठेंगे। ख़बर जनपक्ष की खबर ने जहां जिम्मेदारों को जवाबदेह बनाया, वहीं पीड़ितों की आवाज शासन तक पहुंचाने का काम भी किया,जो जारी रहेगा।

कुनकुरी नगर पंचायत के अध्यक्ष विनयशील पर मुख्यमंत्री एवं छ.ग. शासन की छवि धूमिल करने भाजपा पार्षदों ने प्रेस वार्ता कर लगाया आरोप, कहा- नगर विकास में डाल रहे हैं बाधा

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कुनकुरी/जशपुर,19 मई 2025 –  नगर पंचायत कुनकुरी में इन दिनों विकास कार्यों को लेकर गंभीर राजनीतिक टकराव उभरकर सामने आया है। नगर पंचायत के भाजपा जनप्रतिनिधियों (पार्षद) ने प्रेसवार्ता कर नगर पंचायत अध्यक्ष विनयशील पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वे अपने पद का दुरुपयोग कर न केवल विकास कार्यों को बाधित कर रहे है बल्कि राज्य के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और भाजपा सरकार की छवि को भी नुकसान पहुंचाने का कुत्सित प्रयास कर रहे हैं। विकास कार्यों में अवरोध पुरानी स्वीकृत योजनाएं पर लगा रहे व्यवधान प्रेसवार्ता में पार्षद अमन शर्मा और अमित मिश्रा ने नगर अध्यक्ष पर आरोप लगाया कि विनयशील द्वारा अध्यक्ष पद की शपथ लेने के बाद पूर्व कार्यकाल में स्वीकृत और प्रक्रिया में चल रहे तमाम विकास कार्यों को जानबूझकर रोका जा रहा है। इनमें सीएमओ व इंजीनियर के आवासीय क्वार्टर,जिम निर्माण तथा विर्सजन तालाब सौंदर्यीकरण कार्य प्रमुख हैं। ठेकेदार को डराया धमकाया जा रहा है ताकि कार्य बीच में रुक जाएं और बाद में  विफल योजना के रूप में प्रचारित कर सरकार को बदनाम किया जा सके। राशन वितरण में अवैध दुकान खोलने का आरोप अध्यक्ष विनयशील के द्वारा पीडीएस व्यवस्था में भी अनियमितता फैलाने का प्रयास हो रहा है। भाजपा पार्षदों ने बताया कि पिछले कार्यकाल में परिषद से एक नई राशन दुकान खोलने का प्रस्ताव भेजा गया था जिसकी स्वीकृति की प्रक्रिया अभी जारी है। परंतु अध्यक्ष ने बिना वैध प्रक्रिया अपनाए और बिना स्वीकृति प्राप्त किए गैरकानूनी रूप से राशन दुकान ,दो स्थान पर खुलवा दी। ताकि भविष्य में इस पर कोई कानूनी विवाद होता है तो इसका दोष वर्तमान सरकार पर मढ़ा जा सके। डेम सफाई कार्य पर राजनीतिक रंगः 97.50 लाख की परियोजना पर उठाया जा रहा सवाल इस प्रेस वार्ता में यह भी बताया गया कि नगर पंचायत ‌द्वारा स्वीकृत डेम सफाई योजना को भी अध्यक्ष विनयशील ने विवादों के घेरे में जाकर रोक दिया है। इस योजना में ₹48.75 लाख के भुगतान को लेकर फर्जी सवाल खड़े किए जा रहे है, जबकि नगर पंचायत द्वारा सभी वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किया गया है। संबंधित कार्यों का लॉग बुक, बिल, वाहनों का विवरण, तथा कैमिकल व शुद्धिकरण सामग्री के दस्तावेजी फाइल पत्रकारों को दिखाया गया।अमन शर्मा ने कहा कि चौंकाने वाली बात यह है कि कांग्रेस के वे पार्षद, जिन्होंने पहले इस योजना का समर्थन किया था, अब उसी कार्य के खिलाफ पोस्टर लेकर विरोध कर रहे हैं। यह दोहरे चरित्र और राजनैतिक स्वार्थ का स्पष्ट प्रमाण है। प्लेसमेंट टेंडर विवादः लिपिकीय त्रुटि को बनाया जा रहा मु‌द्दा नगर पंचायत के प्लेसमेंट टेंडर में हुई एक लिपिकीय त्रुटि को भी गलत तरीके से प्रचारित किया जा रहा है। टेंडर की सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूर्णतः वैध है और सभी दस्तावेजों में नगर पंचायत कुनकुरी का नाम स्पष्ट रूप से अंकित है। लेकिन एक स्थान पर गलती से दूसरे नगर पंचायत का नाम अंकित हो जाने को ‘नगर का नाम परिवर्तन’ बताकर राजनैतिक रंग देने की कोशिश हो रही है।दो वर्ष के प्लेसमेंट टेंडर को सही बताने के लिए भाजपा पार्षदों ने कहा कि ऐसा ही दो-दो वर्ष का टेंडर चंद्रखुरी, प्रतापपुर, और भैरमगढ़ नगर पंचायतों में भी किया गया है, जिससे यह भी स्पष्ट होता है कि कुनकुरी में की गई प्रक्रिया भी विधिसम्मत है। पुराने भवन को बताया ‘हवेली’: मरम्मत को लेकर भ्रम फैलाने की कोशिश पूर्ववर्ती कांग्रेस शासन के दौरान नगर पंचायत का पुराना भवन नमक की बोरियों और कचरे का गोदाम बना हुआ था। प्रेस वार्ता में बताया गया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में इस भवन की मरम्मत कराकर इसे उपयोगी रुप दिया गया है। भवन में सुरक्षा व सौंदर्य की दृष्टि से लगाए गए 7 गेट ,दरवाजों को ‘हवेली’ का गेट बताकर जनता को भ्रमित किया जा रहा है।इस कार्य में प्रयुक्त 1620 किलोग्राम वजन के 5 दरवाजों,। मुख्य गेट, । चैनल गेट आदि की मरम्मत जोनल मद से की गई है, जिसके समस्त दस्तावेज उपलब्ध हैं,लेकिन स्टीमेट और बिल को तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत कर जनता को षडयंत्रपूर्वक गुमराह किया जा रहा है। हालांकि प्रेसवार्ता में सीएमओ की हवेली के आरोप पर कुछ नहीं कहा गया। नगर पंचायत कर्मचारियों को धमकाने का आरोप प्रेस वार्ता में यह भी गंभीर आरोप लगाया गया कि अध्यक्ष विनयशील ‌द्वारा नगर पंचायत के अधिकारियों और कर्मचारियों को धमकाकर भय का वातावरण बनाया जा रहा है, जिससे वे उनकी मनमर्जी के अनुसार कार्य करें और भ्रष्ट गतिविधियों के लिए आधार तैयार हो सके। यह लोकतंत्र की मर्यादा के विरुद्ध है। जनता से अपीलः षड्यंत्रों के प्रति रहें सतर्क प्रेस वार्ता में  बीजेपी पार्षद अमन शर्मा,राजेश ताम्रकार,शीतल बजाज,अमित मिश्रा और गुलापी पैंकरा द्वारा नगरवासियों से अपील की गई कि वे इस प्रकार की विकास विरोधी राजनीति के प्रति सजग रहें और ऐसे नेताओं के बहकावे में न आएं जो अपने राजनैतिक एजेंडे के लिए नगर के हितों से खिलवाड़ कर रहे हैं। साथ ही, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं वर्तमान भाजपा सरकार के प्रति विश्वास बनाए रखें, जो राज्य के हर कोने में पारदर्शी विकास कार्यों को गति देने के लिए प्रतिबद्ध है। तो यह प्रेसवार्ता कांग्रेस के नगर पंचायत अध्यक्ष  विनयशील के प्रेस कांफ्रेंस का जवाब माना जाए?  इस सवाल पर अमन शर्मा ने कहा कि उन्होंने सीएमओ पर आरोप लगाए हैं सीएमओ उसका जवाब देंगे।हमने कुनकुरी अध्यक्ष द्वारा विकास कार्यों को रोकने और मनमानी करते हुए उल्टा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सरकार की छवि धूमिल करने की कोशिशों को मीडिया के माध्यम से जनता के सामने लाने का काम किया है।अमन शर्मा ने यह भी जोड़ा कि अध्यक्ष विनयशील पिछले कांग्रेस शासनकाल में हुए भ्रष्टाचारों पर मौन हैं।वहीं सनातनी विधायक बताने वाले यूडी मिंज ने भी अध्यक्ष विनयशील के झूठे आरोपों पर कुछ नहीं कहा है। बहरहाल,अब देखना यह है कि सीएमओ के खिलाफ मोर्चा खोलकर भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस लाने की विष्णु सरकार के दावे की याद दिलाने वाले विनयशील का अगला कदम क्या होगा?

पति की हत्या कर शव को शौचालय की टंकी में छिपाया, तीन दिन बाद हुआ खुलासा

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घरेलू विवादों में हिंसक घटनाएं समाज में रोज ब रोज बढ़ती चली जा रही है।विवाद को सुलझाने के लिए जो वातावरण होना चाहिए – मध्यस्थता और समझाइश – यह दोनों पक्ष को पसंद नहीं है।निर्णय दोनों पक्ष तत्काल कर रहे हैं, जिसकी परिणति बहुत ही दर्दनाक,खौफनाक हो रही है।ताजा मामला सामने आया है जिसमें पत्नी अपने शराबी पति के रोज – रोज कलह से तंग आकर कुल्हाड़ी से गर्दन काट दी।जब पति के प्राण हर लिए तो शव को शौचालय की टंकी में दफना दिया। पलामू | पांकी | 19 मई 2025 पलामू जिले के पांकी थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां घरेलू कलह के चलते एक महिला ने अपने ही पति की हत्या कर दी और शव को शौचालय की टंकी में छिपा दिया। यह दिल दहला देने वाली घटना पांकी के गरिहारा गांव (केकरगढ़ पंचायत) की है। मृतक की पहचान 26 वर्षीय बुधन उरांव के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि बुधन शराब का लती था और अक्सर नशे में पत्नी के साथ मारपीट करता था। घटना की रात भी जब उसने पत्नी ललिता देवी के साथ हाथापाई की, तो खुद को बचाने के प्रयास में ललिता ने उसे धक्का दे दिया। गिरने के बाद ललिता ने घर में रखी टांगी से उसके गले पर वार किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या के बाद ललिता ने शव को छिपाने के लिए पास में बने शौचालय की टंकी में डाल दिया और तीन दिनों तक किसी को भनक नहीं लगने दी। लेकिन जब बुधन का पता नहीं चला तो गांव में संदेह गहराया। ग्रामीणों ने पूछताछ की तो ललिता ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। सूचना पर पांकी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को शौचालय की टंकी से बाहर निकाला। हत्या में प्रयुक्त टांगी भी बरामद कर ली गई है। ललिता देवी को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की पूछताछ जारी है।    

पांच बच्चों की मां की मांग में भरा सिंदूर, फिर रचाई किसी और से शादी — जब भांडा फूटा तो पहुंचा जेल

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समाज की मर्यादाओं और विश्वास को ठगने वाली एक घटना जशपुर जिले के फरसाबहार थाना क्षेत्र से सामने आई है, जहां एक युवक ने पहले तलाकशुदा महिला को शादी का झांसा देकर उसकी मांग में सिंदूर भरा, वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया और फिर चुपचाप किसी और से शादी कर ली। महिला को जब इस धोखे की सच्चाई पता चली तो उसने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। घटना की पीड़िता पांच बच्चों की मां है, जो वर्ष 2012 में अपने पति से तलाक के बाद अपने बच्चों के साथ अलग रह रही थी। 14 सितंबर 2021 को उसके गांव के ही युवक अनूप एक्का ने उसे शादी का प्रस्ताव दिया। पहले तो महिला ने अपने हालात बताते हुए इनकार कर दिया, लेकिन युवक ने विश्वास दिलाया कि वह उसी से शादी करेगा। उस रात आरोपी ने महिला के घर पहुंचकर जबरन शारीरिक संबंध बनाए और कुछ समय बाद उसकी मांग में सिंदूर भरकर उसे अपनी पत्नी जैसा व्यवहार देने लगा। पीड़िता को यह भरोसा था कि उसके जीवन में फिर से स्थिरता आएगी, लेकिन तीन वर्षों तक जब उसने बार-बार विवाह की बात की, तो आरोपी टालता रहा। अंततः जब महिला को पता चला कि आरोपी ने किसी और लड़की से शादी कर ली है, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। जब उसने युवक से इस बारे में पूछताछ की, तो उसने स्पष्ट कहा कि अब वह किसी भी तरह का संबंध नहीं रखना चाहता। इस धोखाधड़ी और मानसिक-शारीरिक पीड़ा से आहत महिला ने फरसाबहार थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने तत्काल मामला संज्ञान में लेते हुए आरोपी अनूप एक्का (27 वर्ष) के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 450, 376 और 376(2)(n) के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार किया और पर्याप्त सबूत मिलने पर उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया। मामले की विवेचना में थाना प्रभारी विवेक कुमार भगत, सहायक उपनिरीक्षक शांति प्रमोद टोप्पो, आरक्षक नीरज तिर्की, ईश्वर साय और महिला आरक्षक बीरजीनिया टोप्पो की विशेष भूमिका रही। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि “महिलाओं के प्रति अपराधों पर जशपुर पुलिस अत्यंत संवेदनशील है। ऐसे मामलों में कानून सख्ती से अपना काम करेगा, ताकि समाज में भरोसे और न्याय की भावना बनी रहे।” यह घटना न केवल एक महिला के विश्वास के साथ छल है, बल्कि समाज को यह सोचने पर मजबूर करती है कि प्रेम और विवाह जैसे पवित्र संबंधों में धोखा देने वालों को कैसे समय पर कानून के शिकंजे में लाया जाए।